लोकप्रियता नहीं, जनस्वास्थ्य सबसे अहम : तुकाराम मुंढे

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खाद्य सुरक्षा को लेकर महाराष्ट्र FDA की सख्ती जारी, हजारों प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई

मुंढे बोले- लोगों का स्वास्थ्य सुरक्षित रखना ही सबसे बड़ी प्राथमिकता

मुंबई। महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) के आयुक्त तुकाराम मुंढे इन दिनों राज्य में खाद्य सुरक्षा को लेकर की जा रही सख्त कार्रवाई के कारण चर्चा में हैं। हालांकि, मुंढे का कहना है कि लोकप्रियता कभी उनका लक्ष्य नहीं रही। उनके लिए सबसे महत्वपूर्ण मुद्दा जनस्वास्थ्य की सुरक्षा है।

मुंढे के अनुसार, खाद्य एवं औषधि प्रशासन की जिम्मेदारी सीधे आम लोगों के स्वास्थ्य से जुड़ी है। ऐसे में मिलावटी, असुरक्षित या मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले खाद्य पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई में किसी तरह की ढिलाई नहीं बरती जा सकती।

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उन्होंने कहा कि किसी अधिकारी के लिए लोकप्रिय होना महत्वपूर्ण नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि लोगों को सुरक्षित भोजन और गुणवत्तापूर्ण दवाएं मिलें। खाद्य सुरक्षा से जुड़े नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ निरीक्षण, नोटिस, लाइसेंस निलंबन और अन्य कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

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FDA की कार्रवाई का दायरा केवल पारंपरिक होटल और रेस्तरां तक सीमित नहीं है। ऑनलाइन माध्यम से भोजन उपलब्ध कराने वाले कारोबार भी खाद्य सुरक्षा कानूनों के दायरे में आते हैं। अधिकारियों का कहना है कि उपभोक्ताओं तक पहुंचने वाले भोजन की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करना सभी संबंधित पक्षों की जिम्मेदारी है।

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मुंढे ने यह भी स्पष्ट किया कि खाद्य और औषधि क्षेत्र को केवल प्रशासनिक कार्रवाई के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। यह सीधे तौर पर जनस्वास्थ्य और स्वस्थ मानव संसाधन से जुड़ा विषय है। उनका जोर नियमों के प्रभावी पालन और लोगों को सुरक्षित खाद्य एवं औषधीय उत्पाद उपलब्ध कराने पर है।

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FDA की इस सख्ती के बीच तुकाराम मुंढे की कार्यशैली एक बार फिर चर्चा में है। हालांकि, उनका कहना है कि चर्चा या लोकप्रियता से ज्यादा महत्वपूर्ण परिणाम हैं—लोगों का स्वास्थ्य सुरक्षित रहे, यही प्रशासन की असली कसौटी है।

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