- छापों की जानकारी तस्करों तक पहुंचाने का आरोप, जांच में करोड़ों की संपत्ति सामने आने से मचा हड़कंप
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उत्तर प्रदेश के Kanpur में पुलिस विभाग के भीतर ही भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस ने दो दिन पहले चार पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। इन पर आरोप है कि ये चरस और गांजा तस्करों को संरक्षण दे रहे थे और पुलिस छापों की गोपनीय जानकारी पहले ही लीक कर देते थे।
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बताया जा रहा है कि इन पुलिसकर्मियों के बदले में तस्करों से मोटी रकम वसूली जाती थी। इस पूरे नेटवर्क के उजागर होने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है।
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सस्पेंड किए गए पुलिसकर्मियों में सब इंस्पेक्टर श्रवण कुमार, हेड कांस्टेबल रंजीत कुमार, कमलाकांत और जितेंद्र प्रताप सिंह शामिल हैं। आरोप है कि ये लंबे समय से नशा तस्करों को पुलिस कार्रवाई से बचाने में मदद कर रहे थे।
जांच के दौरान एक और चौंकाने वाली बात सामने आई है। पुलिस को इन आरोपियों के पास से उनकी आय से कहीं अधिक संपत्ति के संकेत मिले हैं। शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये की प्रॉपर्टी का खुलासा हुआ है, जिसकी वैधता की जांच की जा रही है।
- पुलिसकर्मियों के बदले में तस्करों से मोटी रकम वसूली जाती थी।
- पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यदि आरोप सही पाए गए तो इन पुलिसकर्मियों पर विभागीय कार्रवाई के साथ-साथ आपराधिक केस भी दर्ज किया जा सकता है।
इस मामले के सामने आने के बाद यह सवाल भी उठने लगे हैं कि जिन पुलिसकर्मियों पर शहर की सुरक्षा की जिम्मेदारी है, अगर वही तस्करों के साथ मिल जाएं तो कानून व्यवस्था पर कितना बड़ा खतरा खड़ा हो सकता है। फिलहाल जांच जारी है और आने वाले दिनों में और भी बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।




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