परिवहन निगम ने महिला संविदा भर्ती की तिथियां तय कीं, प्रदेशभर में रोजगार मेले

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  • निगम की बस सेवाओं को मिलेगी बड़ी ताकत
  • परिवहन निगम ने तीसरे चरण की भर्ती प्रक्रिया शुरू की
  • महिलाओं को सीधे अनुभव आधारित संविदा नियुक्ति का मौका
  • चार चरणों में प्रदेशभर में लगेंगे रोजगार मेले
  • बस सेवाओं को बेहतर करने के लिए बढ़ाई जा रही महिला कंडक्टरों की संख्या

लखनऊ।उत्तर प्रदेश परिवहन निगम ने महिला संविदा परिचालकों की भर्ती प्रक्रिया को तेज करते हुए प्रदेश के विभिन्न मंडलों में रोजगार मेलों की तिथियां घोषित कर दी हैं। निगम मुख्यालय से जारी ताज़ा आदेश के अनुसार, महिलाओं को सीधे अनुभव प्रमाण पत्र के आधार पर संविदा परिचालक (कंडक्टर) के पद पर नियुक्त किया जाएगा। यह निर्णय निगम में बढ़ रही परिचालकों की कमी को देखते हुए लिया गया है।

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निगम का कहना है कि 1964 से ही महिलाओं को अनुभव व प्रशिक्षण के आधार पर परिचालक पद पर नियुक्त किया जाता रहा है, और अब आवश्यकता बढ़ने के कारण तीसरे चरण के रोजगार मेलों का आयोजन अनिवार्य हो गया है। उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, कौशल विकास मिशन तथा एनएफएसए/स्वयंसहायता समूहों के सहयोग से यह प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

निगम मुख्यालय से आदेश जारी

निगम में संविदा परिचालक पद के खाली होने से बस संचालन प्रभावित हो रहा है। इसे देखते हुए अपर परिवहन निदेशक रामसिंह वर्मा की ओर से सभी क्षेत्रीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं कि रोजगार मेलों का व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार कराया जाए और भर्ती प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की देरी न हो।

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आदेश में कहा गया है कि पूर्व में आयोजित रोजगार मेलों के माध्यम से योग्य महिलाओं को नियुक्ति दी जा चुकी है और अब तीसरे चरण की भर्ती को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाए।

 

किन जिलों में कब लगेगा रोजगार मेला?

निगम द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार प्रदेश को चार समूहों में बांटते हुए निम्न तिथियां तय की गई हैं

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भर्ती क्यों जरूरी? निगम ने बताई वजह

निगम अधिकारियों के अनुसार—

  • बसों की संख्या बढ़ने के साथ-साथ परिचालकों की तत्काल जरूरत है।
  • आउटसोर्सिंग स्टाफ की कमी से संचालन प्रभावित हो रहा है।
  • महिलाओं को परिवहन क्षेत्र में अवसर देने से बस सेवाओं की गुणवत्ता और विश्वसनीयता बढ़ेगी।
  • कई जिलों में महिला कंडक्टरों की मांग लगातार बढ़ रही है, इसलिए उनकी भर्ती को प्राथमिकता दी जा रही है।

निगम ने यह भी स्पष्ट किया कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, मेरिट आधारित और सीधे अनुभव पत्र के आधार पर होगी।

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अधिकारियों को सख्त निर्देश

सभी मंडलीय तथा क्षेत्रीय प्रबंधकों को कहा गया है कि—

  • रोजगार मेले के लिए स्थान, दस्तावेज सत्यापन टीम, चयन समिति और आवश्यक व्यवस्थाएं समय से सुनिश्चित करें।
  • महिलाओं की उपस्थिति अधिकतम हो, इसके लिए स्थानीय स्तर पर प्रचार अभियान चलाया जाए।
  • चयनित महिला अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र और प्रक्रिया से जुड़ी जानकारी तुरंत उपलब्ध कराई जाए।

प्रदेश में महिला रोजगार को मिलेगा बढ़ावा

परिवहन निगम का यह निर्णय प्रदेश में महिलाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खोलेगा। निगम के अनुसार, बस संचालन में महिला परिचालकों की संख्या बढ़ने से यात्रियों विशेषकर महिलाओं की सुरक्षा और सुविधा में भी सुधार होगा।

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निष्कर्ष

निगम का यह कदम महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। निर्धारित तिथियों पर होने वाले रोजगार मेलों से बड़ी संख्या में महिलाओं को संविदा आधारित नौकरी का अवसर मिलेगा और निगम की बस सेवाओं को भी नई गति मिलेगी।

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