मेरठ: थाने को मयखाना बनाने वाले थानेदार और चौकी इंचार्ज सस्पेंड, SSP ने कहा– कानून से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं

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  • ड्यूटी पर शराब पीते पकड़े गए पुलिस अधिकारी, SP सिटी को भी दिखाया बचकाना रवैया
  • पीड़ित पहुंचे तो नशे में मिले थानेदार–चौकी इंचार्ज, SSP ने तुरंत की सस्पेंशन कार्रवाई
  • थाने को मयखाना बनाने का आरोप, तीन दिन में जांच रिपोर्ट होगी तैयार

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मेरठ:पुलिस विभाग की छवि धूमिल करने वाला बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। यहां थाना क्षेत्र में तैनात थानेदार धीरज सिंह और चौकी इंचार्ज प्रमोद कुमार ने ड्यूटी के दौरान थाना परिसर को ही मयखाना बना डाला। दोनों अधिकारी रोज़ाना की तरह बुधवार शाम को भी थाने में बैठकर शराब पीते रहे। रात तक दोनों नशे में इतने चूर हो गए कि थाने में हंगामे जैसी स्थिति हो गई।

पीड़ित पहुंचे तो पुलिस नशे में धुत

रात करीब 11 बजे इलाके में दो पक्षों के बीच झगड़ा हो गया। मारपीट होने पर पीड़ित अपनी शिकायत दर्ज कराने थाने पहुंचे। लेकिन यहां पहुंचते ही उन्हें चौंकाने वाला दृश्य देखने को मिला।थानेदार और चौकी इंचार्ज दोनों ही नशे में धुत्त हालत में लड़खड़ा रहे थे। न सिर्फ शिकायत सुनने की हालत में थे, बल्कि ऊंची आवाज़ में बहककर बात कर रहे थे।

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SP City मौके पर पहुंचे, थानेदार बोला— “आप क्यों आये?”

स्थिति बिगड़ती देख स्थानीय लोगों ने मामले की सूचना SP सिटी को दी। अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे।लेकिन यहां थानेदार धीरज सिंह का रवैया और भी चौंकाने वाला था। नशे में धुत्त थानेदार ने SP सिटी से ही कहा– “आप क्यों आये?”यह सुनकर अधिकारियों का पारा चढ़ गया और तुरंत दोनों पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया।

SSP का कड़ा एक्शन— दोनों तुरंत सस्पेंड

मामला गंभीर होने पर SSP मेरठ ने बड़ी कार्रवाई करते हुए थानेदार धीरज सिंह चौकी इंचार्ज प्रमोद कुमार को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया। SSP ने साफ कहा कि

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“कानून व्यवस्था संभालने वालों का यह आचरण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ड्यूटी में लापरवाही और शराबखोरी पर जीरो टॉलरेंस है।”

3 दिन में जांच रिपोर्ट

घटना की विभागीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं।एक तीन सदस्यीय टीम पूरे प्रकरण की जांच कर रही है और तीन दिन में रिपोर्ट फाइल की जाएगी।रिपोर्ट में शराब कहां से आई, कौन-कौन शामिल था और किन धाराओं में कार्रवाई होगी— यह तय किया जाएगा।

स्थानीय लोगों में आक्रोश

थाने में शराब पार्टी की घटना से क्षेत्र के लोग बेहद नाराज़ हैं। उनका कहना है कि“रक्षक ही भक्षक बन गए, आम आदमी न्याय लेकर कहां जाए?”मामले ने पुलिस महकमे को हिलाकर रख दिया

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इस घटना के बाद जिले के सभी थानों में चेकिंग बढ़ा दी गई है और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि ड्यूटी के दौरान किसी भी तरह की लापरवाही पाए जाने पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

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