पिछड़ा वर्ग में शामिल करने और उत्पीड़न रोकने के लिए SC/ST एक्ट की तर्ज पर ‘वैश्य एक्ट’ बनाने की उठाई मांग
समाज का ऐलान—मांगों पर साथ देने वाले राजनीतिक दल के समर्थन पर करेंगे विचार
बांदा। रिपोर्टर अरविंद श्रीवास्तव, जिला संवाददाता
अयोध्यावासी वैश्य समाज को पिछड़ा वर्ग में शामिल किए जाने की मांग को लेकर बुधवार को बड़ी संख्या में समाज के लोग कलेक्ट्रेट पहुंचे। प्रदर्शन के बाद जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन भेजकर अपनी मांगें शासन के सामने रखीं।
समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि अयोध्यावासी वैश्य समाज को अन्य पिछड़ा वर्ग की सूची में शामिल करने की मांग लंबे समय से उठाई जा रही है। समाज की ओर से इस मुद्दे को लेकर विभिन्न स्तरों पर लगातार प्रयास किए गए हैं, लेकिन अभी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है।
बुधवार को समाज के लोग एकजुट होकर कलेक्ट्रेट पहुंचे और अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की। ज्ञापन के माध्यम से शासन से अयोध्यावासी वैश्य समाज को पिछड़ा वर्ग की सूची में शामिल करने के लिए आवश्यक प्रक्रिया आगे बढ़ाने की मांग की गई।
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समाज ने उत्पीड़न की घटनाओं को रोकने के लिए SC/ST एक्ट की तर्ज पर अलग ‘वैश्य एक्ट’ बनाए जाने की मांग भी रखी। पदाधिकारियों ने कहा कि उनकी मांगों पर शासन स्तर से गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।
प्रदर्शन के दौरान समाज के प्रतिनिधियों ने अपने राजनीतिक रुख को लेकर भी घोषणा की। उनका कहना था कि आरक्षण और अलग कानून की मांग का समर्थन कर उसे पूरा कराने वाले राजनीतिक दल के पक्ष में समाज भविष्य में राजनीतिक निर्णय लेने पर विचार करेगा।
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इस दौरान मौजूद लोगों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए और सरकार से जल्द निर्णय लेने की मांग की।


