सिविल लाइंस के माल गोदाम चौराहे पर लगाए गए पोस्टर में आजम खां समेत अन्य नेताओं की तस्वीरें; कैमरों की फुटेज खंगालने में जुटी पुलिस
फ्लेक्स किसने लगाई और मकसद क्या था, जांच के बाद होगा खुलासा
माहौल खराब करने की आशंका के बीच पुलिस सतर्क
शाहबाज़ ख़ाँ, जिला संवाददाता
रामपुर। थाना सिविल लाइंस क्षेत्र के माल गोदाम चौराहे पर आपत्तिजनक और राजनीतिक संदेश वाला एक फ्लेक्स लगाए जाने से हड़कंप मच गया। फ्लेक्स पर पूर्व मंत्री आजम खां की तस्वीर के साथ कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणियां और राजनीतिक आरोप लिखे होने की बात सामने आई है। फ्लेक्सी में सर्वेश यादव और वीरपाल सिंह यादव की तस्वीरें भी दिखाई दे रही हैं।
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मामले की जानकारी मिलते ही सिविल लाइंस पुलिस मौके पर पहुंची और फ्लेक्सी को लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने की बात कह रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि फ्लेक्सी किसने और कब लगाई।
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*फ्लेक्सी पर राजनीतिक आरोपों वाले संदेश*
मौके से सामने आई तस्वीरों के अनुसार फ्लेक्स पर ‘माफिया राज’ और ‘अखिलेश ने लूट लिया था पूरा प्रदेश’ जैसे राजनीतिक संदेश लिखे होने का दावा किया जा रहा है। इसमें आजम खां समेत अन्य राजनीतिक चेहरों की तस्वीरें भी लगी हैं।
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हालांकि, फ्लेक्सी लगाने वाले व्यक्ति या संगठन की अभी आधिकारिक पहचान सामने नहीं आई है। इसलिए इसके पीछे किसका हाथ है या इसका उद्देश्य क्या था, इस संबंध में फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
*सीसीटीवी से खुलेगा राज*
पुलिस अब चौराहे और आसपास के प्रतिष्ठानों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने की तैयारी में है। जांच का मुख्य बिंदु यह रहेगा कि फ्लेक्सी लगाने वाले लोग कौन थे और इसे किस समय लगाया गया।
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रामपुर में आजम खां से जुड़ी राजनीतिक और कानूनी गतिविधियां पहले भी चर्चा में रही हैं। मई 2026 में रामपुर की अदालत ने तत्कालीन जिलाधिकारी पर आपत्तिजनक टिप्पणी से जुड़े एक मामले में आजम खां को दोषी ठहराते हुए दो वर्ष की सजा और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी।
ऐसे में सार्वजनिक स्थान पर इस तरह की राजनीतिक फ्लेक्सी सामने आने के बाद पुलिस के सामने पोस्टर लगाने वालों की पहचान और पूरे घटनाक्रम की वास्तविकता स्पष्ट करने की चुनौती है। फिलहाल पुलिस जांच जारी है और आधिकारिक रूप से यह स्पष्ट होना बाकी है कि फ्लेक्सी किसने लगाई थी और क्या इसके पीछे किसी तरह की राजनीतिक या अन्य साजिश थी।


