- 8 बसों का चालान, ₹1.60 लाख जुर्माना और ₹1.40 लाख कर आरोपित
- बिना परमिट-फिटनेस और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर परिवहन विभाग सख्त
मोहम्मद इसरार, जिला संवाददाता
फर्रुखाबाद। अनधिकृत रूप से संचालित वाहनों के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन कवच 2.0’ के तहत फर्रुखाबाद में परिवहन विभाग ने स्लीपर बसों के खिलाफ सघन चेकिंग अभियान चलाकर बड़ी प्रवर्तन कार्रवाई की। जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर एवं पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में एआरटीओ-प्रवर्तन सुभाष राजपूत तथा यातायात निरीक्षक ओमप्रकाश पाण्डेय के नेतृत्व में संयुक्त अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान अनधिकृत रूप से संचालित स्लीपर बसों की परमिट, फिटनेस और सुरक्षा मानकों की जांच की गई। जांच में नियमों का उल्लंघन मिलने पर 8 स्लीपर बसों का चालान किया गया, जबकि 6 बसों को सीज कर दिया गया।
सुरक्षा मानकों में कमी पर कार्रवाई
परिवहन विभाग के अनुसार अभियान के तहत बिना परमिट, बिना फिटनेस और आवश्यक सुरक्षा मानकों के बिना संचालित वाहनों पर विशेष नजर रखी जा रही है। स्लीपर बसों में इमरजेंसी एग्जिट, फायर अलार्म सिस्टम और फर्स्ट-एड सुविधा की उपलब्धता भी जांची जा रही है।
इसके अलावा चालक के नशे या नींद की स्थिति में वाहन चलाने जैसे गंभीर सुरक्षा जोखिमों पर भी प्रवर्तन कार्रवाई की जा रही है।
कार्रवाई के दौरान पकड़ी गई बसों पर कुल ₹1.60 लाख का जुर्माना लगाया गया, जबकि ₹1.40 लाख का कर आरोपित किया गया।
परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि अनधिकृत रूप से संचालित वाहनों और कर बकाया वाले वाहनों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। विभाग का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा।



