- सूफी संतों और अष्टछाप कवियों की वाणियों ने बांधा समां, श्री राधा माधव संकीर्तन मंडल का कीर्तन उत्सव संपन्न
रामपुर से शाहबाज़ खान, जिला संवाददाता
रामपुर। श्री सनातन धर्मसभा में श्री राधा माधव संकीर्तन मंडल की ओर से कीर्तन उत्सव का आयोजन श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ किया गया। बरेली से आए संकीर्तन सम्राट युधिष्ठिर मलिक और कोकिल कंठ सुनील मलिक ने सूफी संतों एवं अष्टछाप कवियों की वाणियों का भावपूर्ण गायन कर श्रद्धालुओं को भक्तिरस में सराबोर कर दिया। राधा नाम के संकीर्तन के दौरान भक्त भावविभोर होकर झूम उठे और पूरा सभागार राधामय हो गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ वंदना के साथ हुआ। इसके बाद पद-पदावलियों के गायन का सिलसिला शुरू हुआ। ‘जब आना ही है एक रोज तुम्हें, तो क्यों न अभी जा जाओ’, ‘हे गोपाल मुरलिया वाले, नंदलाल मुरलिया वाले’, ‘रास रच्यौ है वृंदावन धाम, महारास रच्यौ है’ और ‘मैंने रटना लगाई रे राधा नाम की’ जैसी प्रस्तुतियों ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। मधुर स्वरों में प्रस्तुत भजनों के बीच श्रद्धालु श्रीकृष्ण और राधारानी की भक्ति में लीन नजर आए।
संकीर्तनकारों की प्रस्तुतियों ने बढ़ाया भक्तिमय माहौल
कार्यक्रम में बरेली से आए आरके शर्मा, मनीष गौड़ और राजू वर्मा सहित अन्य संकीर्तनकारों ने भी अपनी प्रस्तुतियों से आयोजन की रौनक बढ़ाई। गाजियाबाद से आए वीरेन्द्र अरोरा ने श्री राधा माधव संकीर्तन मंडल की विशिष्ट शैली और उसकी परंपरा के बारे में जानकारी दी।
कार्यक्रम के संयोजक अतुल गुप्ता, नरेश चंद्र गुप्ता, सौरभ गुप्ता, राम गुप्ता, शोभित, भावना, महिमा, प्रीति और दिव्या ने आयोजन में सहयोग देने वाले अतिथियों एवं श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर मंडल के अध्यक्ष आशीष जिंदल के साथ डिक्की आनंद, नवीन गुप्ता, प्रदीप अग्रवाल, प्रमोद अग्रवाल, दिनेश अग्रवाल, पुष्पेन्द्र अग्रवाल, गिरिराज सरन अग्रवाल, सुमित गुप्ता, कुनाल रस्तोगी, पीके वार्ष्णेय, डॉ. दीपांशु गुप्ता, राधा गुप्ता और सुमित मित्तल सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। आयोजन का समापन राधा नाम के संकीर्तन और भक्तिमय वातावरण के बीच हुआ।



