- गांधी-शास्त्री जयंती पर सेवानिवृत्त कर्मचारियों एवं पेंशनर्स ने किया महापुरुषों को नमन
- सत्य-अहिंसा और सादगी के आदर्शों को अपनाने का लिया संकल्प
- महात्मा गांधी व लाल बहादुर शास्त्री के जीवन एवं राष्ट्र निर्माण में योगदान पर हुई चर्चा
रायबरेली। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन उत्तर प्रदेश, जनपद रायबरेली के तत्वावधान में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में संगठन के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने दोनों महापुरुषों के चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित कर उन्हें नमन किया।
इस अवसर पर महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के जीवन, संघर्ष, विचारों और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर विस्तृत चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि महात्मा गांधी ने सत्य, अहिंसा और सत्याग्रह के माध्यम से स्वतंत्रता आंदोलन को नई दिशा दी। उन्होंने समाज में भाईचारे, समानता, स्वच्छता और मानवता का संदेश देकर देशवासियों को एकजुट करने का कार्य किया।
वहीं, पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के सादगीपूर्ण जीवन, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र के प्रति समर्पण को याद किया गया। वक्ताओं ने कहा कि कठिन परिस्थितियों में देश का नेतृत्व करते हुए शास्त्री जी ने दृढ़ इच्छाशक्ति और सादगी का परिचय दिया। उनका प्रसिद्ध नारा ‘जय जवान, जय किसान’ देश की सुरक्षा और किसानों के महत्व को रेखांकित करता है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष रविंद्र कुमार श्रीवास्तव ने दोनों महापुरुषों के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गांधी जी के सत्य और अहिंसा के सिद्धांत तथा शास्त्री जी की सादगी, ईमानदारी और कर्तव्यपरायणता आज भी समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उनके आदर्शों को अपनाकर समाज और राष्ट्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है।
इस दौरान वरिष्ठ उपाध्यक्ष ब्रजेंद्र स्वरूप सक्सेना, जिला मंत्री दया राम यादव, उपाध्यक्ष आर.डी. गौतम, संप्रेक्षक सियाराम वर्मा, वित्त मंत्री राम विलास वर्मा तथा कार्यालय सचिव अजयेंद्र सिंह सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित लोगों ने महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने तथा समाज एवं राष्ट्रहित में निरंतर कार्य करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम आपसी सौहार्द, देशभक्ति और महापुरुषों के प्रति सम्मान की भावना के साथ संपन्न हुआ।


