- देर रात रोडवेज और सिविल लाइंस थाने के सामने लगाए गए विवादित पोस्टर
- समाजवादी नेताओं ने डीएम को सौंपा ज्ञापन, पोस्टर लगाने वालों पर कार्रवाई की मांग
रामपुर से शाहबाज खान की रिपोर्ट
रामपुर। आगामी नगर निकाय चुनाव को लेकर रामपुर में चुनावी सरगर्मियां तेज होने लगी हैं। इसी बीच शहर में देर रात सामने आए कथित विवादित पोस्टरों ने सियासी माहौल को गरमा दिया। रोडवेज और सिविल लाइंस थाने के सामने अज्ञात लोगों द्वारा पोस्टर लगाए जाने की जानकारी सामने आई है।
इन पोस्टरों पर “माफियाराज और अखिलेश ने लूट लिया था पूरा प्रदेश” जैसे शब्द लिखे होने की बात कही जा रही है। प्रमुख स्थानों पर अचानक पोस्टर दिखाई देने के बाद राजनीतिक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। हालांकि, पोस्टर किसने लगाए और इसके पीछे क्या उद्देश्य था, यह अभी स्पष्ट नहीं है।
पोस्टरों को लेकर समाजवादियों में नाराजगी
पोस्टर सामने आने के बाद समाजवादी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इस पर आपत्ति जताई। उनका कहना है कि इस तरह के पोस्टरों के जरिए राजनीतिक नेताओं की छवि प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।
मामले को लेकर समाजवादी नेताओं की ओर से रामपुर जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र सौंपकर पोस्टर लगाने वाले अज्ञात लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई है।
पुलिस-प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी नजर
शहर के संवेदनशील और प्रमुख स्थानों पर पोस्टर लगाए जाने के मामले में अब पुलिस और प्रशासन की भूमिका पर नजर है। पोस्टर किसने लगाए, कब लगाए गए और इसके पीछे वास्तविक उद्देश्य क्या था—इन सवालों का जवाब जांच के बाद ही सामने आएगा।
फिलहाल मामले में किसी व्यक्ति या संगठन की ओर से पोस्टर लगाने की जिम्मेदारी सामने नहीं आई है। ऐसे में जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम की तस्वीर साफ होने की उम्मीद है।
बाइट: सतनाम सिंह मट्टू, अधिवक्ता
रिपोर्ट: शाहबाज खान, रामपुर
विजुअल: पोस्टर एवं घटनास्थल के दृश्य


