- 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रस्तावित आंदोलन को लेकर 37 स्थानों पर बैरिकेडिंग और 15 जिलों में डिटेंशन सेंटर तैयार करने की योजना
- 57 मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश-निकास द्वार बंद करने का अनुरोध, नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन स्टेशन पर कई ट्रेनों का संचालन प्रभावित
नई दिल्ली, 9 अक्टूबर। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर 10 अक्टूबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन से पहले राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया है। वहीं, संभावित भीड़ और कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए बैरिकेडिंग, डिटेंशन सेंटर और सार्वजनिक परिवहन पर प्रतिबंधों की तैयारी की गई है।
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली पुलिस ने नई दिल्ली जिले में 37 स्थानों पर बैरिकेडिंग की योजना बनाई है। इसके अलावा सभी 15 जिलों में प्रदर्शनकारियों को हिरासत में रखने के लिए डिटेंशन सेंटर तैयार करने की व्यवस्था की गई है। पुलिस ने सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ाने और संवेदनशील इलाकों में निगरानी मजबूत करने की भी तैयारी की है।
अनुमति नहीं मिलने पर भी आंदोलन की तैयारी, पुलिस ने बताई वजह
CJP ने 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया है। आंदोलन के जरिए चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची पुनरीक्षण को लेकर सवाल उठाने के साथ मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग की जानी है।
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शन के लिए आवेदन निर्धारित समय से काफी देर से दिया गया था। पुलिस ने बताया कि नियमानुसार प्रदर्शन की सूचना कम से कम 10 दिन पहले दी जानी चाहिए, जबकि इस बार आवेदन 7 अक्टूबर को मिला। नई दिल्ली जिले में निषेधाज्ञा लागू होने का हवाला देते हुए पुलिस ने अनुमति देने से इनकार किया है।
दूसरी ओर, CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके का कहना है कि जंतर-मंतर निर्धारित प्रदर्शन स्थल है और वहां प्रदर्शन के लिए अलग अनुमति की आवश्यकता पर उनका पक्ष पुलिस से अलग है। ऐसे में प्रदर्शन को लेकर पुलिस और आयोजकों के बीच टकराव की स्थिति बनी हुई है।
ट्रेनें रद्द, मेट्रो स्टेशनों पर प्रतिबंध की तैयारी
प्रदर्शन के मद्देनजर रेल और मेट्रो सेवाओं पर भी असर पड़ने की आशंका है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, 10 अक्टूबर को सुबह 4 बजे से दोपहर 2 बजे तक नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों पर कई मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द किया गया है। यात्रियों को यात्रा से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति की पुष्टि करने की सलाह दी गई है।
दिल्ली पुलिस ने दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) से 57 मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद करने तथा कुछ स्टेशनों पर ट्रेन संचालन की आवृत्ति कम करने का अनुरोध किया है। प्रस्तावित प्रतिबंध 9 अक्टूबर की रात 9 बजे से लागू करने की बात कही गई है। हालांकि, इसे सभी मेट्रो स्टेशनों के पूरी तरह बंद होने के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
राजधानी में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ाई जा रही है। पुलिस की चुनौती संभावित भीड़ को नियंत्रित करने, यातायात सुचारु रखने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की होगी।
फिलहाल 10 अक्टूबर के प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में तैयारियां तेज हैं। अब नजर इस बात पर रहेगी कि पुलिस की अनुमति नहीं मिलने के बावजूद आयोजक क्या कदम उठाते हैं और राजधानी में सार्वजनिक परिवहन तथा आम लोगों की आवाजाही पर इसका कितना असर पड़ता है।


