- स्वास्थ्य भवन चौराहे पर कार्यकर्ताओं ने की नारेबाजी, पुलिस ने हिरासत में लेकर इको गार्डन भेजा
- विशेष रवि बोले— चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर उठ रहे सवाल; विनय पटेल ने मतदाता सूची में कथित गड़बड़ी की जांच की मांग उठाई
लखनऊ, 9 अक्टूबर 2026। आम आदमी पार्टी (AAP) ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने और उनकी गिरफ्तारी की मांग को लेकर शुक्रवार को लखनऊ में प्रदर्शन किया। पार्टी के प्रदेश प्रभारी एवं राज्यसभा सांसद संजय सिंह के आह्वान पर स्वास्थ्य भवन चौराहे पर जुटे पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली तथा मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल तैनात रहा और बैरिकेडिंग लगाकर कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने से रोका गया। बाद में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर इको गार्डन भेज दिया।
चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे दिल्ली के विधायक एवं AAP के प्रदेश सह प्रभारी विशेष रवि ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के फैसलों और उसकी कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठ रहे हैं। विशेष रवि ने इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा किया कि आयोग के भीतर अन्य चुनाव आयुक्तों की आपत्तियों को दरकिनार कर कई फैसले किए गए।
उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया में निर्धारित नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। विशेष रवि ने केंद्र सरकार पर भी चुनाव आयोग की स्वतंत्रता प्रभावित करने का आरोप लगाते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग की।
यूपी में 13 लाख नामों के अंतर पर जवाब मांगा
AAP के अयोध्या प्रांत अध्यक्ष विनय पटेल ने उत्तर प्रदेश की मतदाता सूची को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि चुनाव आयोग की ओर से 84 लाख नाम जोड़े जाने की बात कही गई, जबकि पार्टी के मुताबिक वास्तविक आंकड़ा करीब 71 लाख है। उन्होंने दोनों आंकड़ों के बीच 13 लाख के अंतर का हवाला देते हुए इसकी स्पष्ट जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की।
विनय पटेल ने आरोप लगाया कि विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान विभिन्न राज्यों में मतदाताओं के नाम काटे जाने से लोगों के मताधिकार पर असर पड़ा है। उन्होंने बिहार और पश्चिम बंगाल सहित अन्य राज्यों की मतदाता सूचियों में कथित अनियमितताओं का मुद्दा भी उठाया। पार्टी ने मांग की कि जहां मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोप हैं, वहां निष्पक्ष जांच कराई जाए और आवश्यक कार्रवाई की जाए।
बैलेट पेपर से चुनाव कराने की भी मांग
AAP की लखनऊ जिला अध्यक्ष इरम रिजवी ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना जरूरी है। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त को पद से हटाने और गिरफ्तार करने की मांग दोहराई। साथ ही, आगामी चुनाव बैलेट पेपर से कराने तथा चुनाव आयुक्तों के चयन की प्रक्रिया में भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) को शामिल करने की मांग की।
इरम रिजवी ने कहा कि मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली के विरोध में पार्टी का आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने 10 अक्टूबर को प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी प्रदर्शन को समर्थन देने की भी घोषणा की।
प्रदर्शन में निवर्तमान प्रदेश महासचिव दिनेश पटेल, पश्चिम प्रांत अध्यक्ष सोमेंद्र ढाका, रुहेलखंड प्रांत अध्यक्ष मोहम्मद हैदर, बौद्ध प्रांत अध्यक्ष इमरान लतीफ, कानपुर प्रभारी आशुतोष सेंगर, प्रदेश प्रवक्ता प्रिंस सोनी, शिक्षक प्रकोष्ठ अध्यक्ष महेंद्र सिंह, व्यापार प्रकोष्ठ अध्यक्ष मनोज मिश्रा सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।


